दोस्तों आपने बहुत बार अवमूल्यन शब्द सुना होगा आखिर अवमूल्यन का मतलब क्या होता है चलिए जानते हैं!
अवमूल्यन क्या होता हैं
जब कोई देश अपनी मुद्रा को अन्य देश की मुद्रा की तुलना में कम करता है मतलब वो अपनी मुद्रा के वैल्यू को दूसरे देश की मुद्रा के वैल्यू की तुलना में कम करता है तो इसे अवमूल्यन कहते है
अवमूल्यन क्यों किया जाता है
कोई भी देश अपनी मुद्रा का अवमूल्यन अपने निर्यात को बढ़ाने के लिए और आयात को घटाने के लिए करती है क्योकि अवमूल्यन से विदेशी माल महंगा पड़ने लगता है जिससे आयात कम होने लगता है और हमारा माल दूसरे देश को सस्ता पड़ता है जिससे हमारा निर्यात बढ़ जाता है
अवमूल्यन के प्रयोग
कोई भी देश बहुत ही विषम परिस्थिति में मुद्रा का अवमूल्यन करती है क्योकि अवमूल्यन से केवल आयात निर्यात ही नहीं बल्कि बहुत सारे चीजें प्रभावित होता हैं
भारत में अवमूल्यन
भारत में अब तक मुद्रा का तीन बार अवमूल्यन किया गया